कौन हैं ज्ञानेश कुमार और सुखविंदर संधू, चुनाव आयुक्तों के तौर पर किया जा रहा इनके नाम का दावा
प्रयागभारत, नई दिल्ली: New Election Commissioners नए चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति को लेकर आज फैसला हो गया है। पीएम मोदी की अध्यक्षता में समिति ने दो नामों का चयन कर लिया है।
पैनल के सदस्य और कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने दावा करते हुए कहा कि पूर्व नौकरशाह सुखबीर सिंह संधू और ज्ञानेश कुमार को नए चुनाव आयुक्त के रूप में नामित किया गया है। हालांकि, अभी आधिकारिक एलान नहीं हुआ है।
कौन हैं ज्ञानेश कुमार और सुखविंदर संधू
- सुखविंदर संधू, पंजाब मूल के हैं और उत्तराखंड के चीफ सेक्रेटरी और NHAI के चेयरमैन रह चुके हैं।
- वहीं, ज्ञानेश कुमार 1988 बैच के केरल कैडर के IAS अफसर हैं और गृह मंत्रालय में तैनात रह चुके हैं। धारा 370 पर फैसले के वक्त गृह मंत्रालय में तैनात थे। सहकारिता मंत्रालय में सचिव पद से रिटायर हुए हैं।
आगरा के रहने वाले हैं ज्ञानेश कुमार
केरल कैडर के पूर्व आइएएस ज्ञानेश कुमार का नाता यूपी से है। वो आगरा विजयनगर के रहने वाले हैं। गैलाना रोड पर श्रीराम सेंटेनियल स्कूल उनके पिता डा. सुबोध गुप्ता चलाते हैं। छोटे भाई मनीष कुमार आगरा में उपायुक्त कस्टम एंड एक्साइज रह चुके हैं। इनकी बेटी मेधा रूपम आइएएस टापर रही हैं। छोटी बेटी भी आईएएस है। अनुच्छेद 370 हटाए जाने के समय ज्ञानेश गृह मंत्रालय में सचिव थे। फिलहाल वो श्रीराम मंदिर तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट में सरकार के प्रतिनिधि हैं।
पांच नाम भी थे रेस में
- प्रवर्तन निदेशालय के पूर्व प्रमुख संजय कुमार मिश्रा (सेवानिवृत्त आईआरएस)
- पूर्व सीबीडीटी प्रमुख पीसी मोदी (सेवानिवृत्त आईआरएस)
- जेबी महापात्र (सेवानिवृत्त आईआरएस)
- एनआईए प्रमुख दिनकर गुप्ता (आईपीएस)
- राधा एस चौहान (आईएएस)
चुनाव आयुक्त के चयन की ये है प्रक्रिया
मुख्य चुनाव आयुक्त और चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति और सेवा शर्त कानून 2023 के मुताबिक चुनाव आयुक्तों का चयन तीन सदस्यीय समिति करती है। इस समिति के अध्यक्ष प्रधानमंत्री हैं, लोकसभा में नेता विपक्ष या सबसे बड़े विपक्षी दल का नेता और प्रधानमंत्री द्वारा नामित कोई एक कैबिनेट मंत्री चयन समिति में शामिल होता है।
