Uttara Pradesh

बहाना बनाने में छात्रों से दो कदम आगे यूपी के गुरुजी, पर चालबाजी नहीं आई काम; 50 का वेतन रोका

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Spread the loveप्रयागभारत, मुजफ्फरनगर: परिषदीय विद्यालयों में अधिकांश शिक्षक-शिक्षिकाएं आनलाइन हाजिरी के विरोध में हैं। अधिकारियों ने विद्यालयों का निरीक्षण किया तो मुख्य वजह सामने आई। वह समय से विद्यालय नहीं जाते हैं। मई माह में 50 शिक्षक-शिक्षिकाएं गैरहाजिर मिले […]

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प्रयागभारत, मुजफ्फरनगर: परिषदीय विद्यालयों में अधिकांश शिक्षक-शिक्षिकाएं आनलाइन हाजिरी के विरोध में हैं। अधिकारियों ने विद्यालयों का निरीक्षण किया तो मुख्य वजह सामने आई। वह समय से विद्यालय नहीं जाते हैं। मई माह में 50 शिक्षक-शिक्षिकाएं गैरहाजिर मिले हैं। इन्होंने स्पष्टीकरण में अजीबोगरीब बहाने बनाए हैं। किसी की बीच रास्ते में स्कूटी में पंक्चर हो गया तो, कोई बस खराब होने के कारण नहीं पहुंचा।

कुछ ने खेतों में काम कर रहे बच्चों को तलाशने का तर्क दिया है। बीएसए ने 50 शिक्षक-शिक्षिकाओं का एक दिन का वेतन रोक दिया है। तीन मई को जनपद में प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में एडी बेसिक ने निरीक्षण किया गया था। इसके साथ ही मई माह की अलग-अलग तिथियों में बेसिक शिक्षा अधिकारी शुभम शुक्ला समेत खंड शिक्षा अधिकारियों ने विद्यालयों का निरीक्षण किया।

निरीक्षण में बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाएं, शिक्षामित्र और अनुदेशक गैरहाजिर मिले। उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया। कई शिक्षक-शिक्षिकाएं ऐसे हैं, जिनका स्पष्टीकरण एकसमान है। गैरहाजिर कुछ शिक्षिकाओं ने स्पष्टीकरण में कहा, बीच रास्ते में स्कूटी में पंक्चर हो गया, जिसके चलते समय से विद्यालय नहीं पहुंच पाईं। जब पहुंची तो अधिकारी निरीक्षण करके चले गए थे। दो शिक्षिकाओं ने एक समान तर्क देते हुए कहा, लालूखेड़ी के समीप बस खराब हो गई थी, जिसके चलते दूसरे बस पकड़नी पड़ी।

इस वजह से देरी हो गई। अन्य रूट की बसों भी कई शिक्षक-शिक्षिकाओं ने खराब होना बताया है। वहीं दो एक शिक्षक ने तर्क दिया गया कि बच्चे गेहूं कटाई के लिए स्वजन के साथ खेतों में गए थे। उनकी तलाश के लिए खेतों में जाया गया, जिसके चलते विद्यालय आने में देरी हुई है। कुछ शिक्षकों ने स्पष्टीकरण में कहा, मिड डे मील का सामान लेने के चलते देरी हुई है। बीएसए शुभम शुक्ला ने बताया, मई माह की निरीक्षण आख्या के आधार पर 50 शिक्षक-शिक्षिकाओं का स्पष्टीकरण संतोषजनक नहीं मिला। जिसके चलते एक दिन का वेतन रोक दिया गया है।

इन गुरुओं का रोका वेतन

निरुपाराय जैन, विनीता, बिजेंद्र कुमार, राहुल कुमार, रवि मलिक, विनिश प्रवीण, दिव्या, प्रतिभा देवी, खुर्शीद अली, निशा रानी, मेहरुनिशा, कहकशां खातून, बबली देवी, दीपक राना, सचिन कुमार, इनायत फातमा, राजीव कुमार, पूजा सिंहा, सुनील कुमार, अमरेश देवी, काजिम अली, सचिन कुमार, भारती, नेहा मलिक, कासिफ हैदर, रेशू कुमारी, नीलम, यशपाल सिंह, मनोज कुमार, पूजा, तरुण कुमार, रूचि रानी, नीतू देवी, स्नेहा गोयल, मोहम्मद आरिफ जैदी, अंशू पंवार, अदिति, शिवम कुमार, वसीम अहमद, मिनाक्षी, दीपिका, अनामिका पांडेय, अशवना परवीन, अमित कुमार, अमित धवन, शाहजेब अख्तर, पोइम जैन, रिद्धि गर्ग, रिहाना परवीन और रेशमा।

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