चारधाम यात्रा 2026 : फर्जी वीडियो से भ्रम फैलाने पर पुलिस एक्शन, FIR दर्ज
Summary
Spread the loveप्रयाग भारत, केदारनाथ : Kedarnath Fake Video चारधाम यात्रा के दौरान सोशल मीडिया पर भ्रामक जानकारी फैलाने वालों के खिलाफ उत्तराखंड प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। इसी क्रम में रुद्रप्रयाग जिले के सोनप्रयाग थाने में एक और FIR […]
प्रयाग भारत, केदारनाथ : Kedarnath Fake Video चारधाम यात्रा के दौरान सोशल मीडिया पर भ्रामक जानकारी फैलाने वालों के खिलाफ उत्तराखंड प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। इसी क्रम में रुद्रप्रयाग जिले के सोनप्रयाग थाने में एक और FIR दर्ज की गई है।
सोशल मीडिया मॉनिटरिंग के दौरान इंस्टाग्राम ID thecurlypoet से एक वीडियो सामने आया, जिसमें श्री केदारनाथ धाम की व्यवस्थाओं को लेकर गलत और भ्रामक दावे किए गए थे।
वीडियो में क्या किया गया दावा?
वायरल वीडियो में आरोप लगाया गया कि एक वृद्ध श्रद्धालु की तबीयत खराब होने के बावजूद प्रशासन ने उसकी मदद नहीं की। साथ ही यह भी कहा गया कि वीआईपी प्रोटोकॉल के चलते आम श्रद्धालुओं की अनदेखी की जा रही है।
प्रशासन ने बताया पूरा सच
प्रशासन के अनुसार, 22 अप्रैल 2026 को गुजरात के एक श्रद्धालु की तबीयत खराब होने पर उसे तुरंत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र केदारनाथ ले जाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित किया।
इसके बाद प्रशासन ने सभी जरूरी प्रक्रियाएं पूरी करते हुए हेलीकॉप्टर के माध्यम से शव को गुप्तकाशी भेजा।
भ्रामक जानकारी फैलाने पर FIR
अधिकारियों का कहना है कि वीडियो में तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश किया गया, जिससे आम लोगों को भ्रमित करने और प्रशासन की छवि खराब करने की कोशिश की गई।
इस मामले में संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
सोशल मीडिया पर कड़ी निगरानी
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि चारधाम यात्रा के दौरान सोशल मीडिया पर नजर रखी जा रही है।
- संदिग्ध वीडियो और पोस्ट को चिन्हित किया जा रहा है
- भ्रामक जानकारी फैलाने वालों पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है
सरकार का सख्त रुख
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि चारधाम यात्रा से जुड़ी किसी भी प्रकार की अफवाह या दुष्प्रचार पर सख्त और त्वरित कार्रवाई की जाए।
आस्था और छवि से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
प्रशासन ने साफ किया है कि चारधाम यात्रा की गरिमा, श्रद्धालुओं की आस्था और उत्तराखंड की छवि के साथ किसी भी तरह का खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जाएगा।
