Uttarakhand

kichha मतगणना परिसर में हंगामा, विधायक तिलक राज बेहड़ को थप्पड़ मारने का आरोप ; एक गिरफ्तार

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प्रयाग भारत, रुद्रपुर : kichha में नगर पालिका चुनाव के बाद मंगलवार शाम मतगणना परिसर में उस समय हंगामा हो गया, जब विधायक तिलक राज बेहड़ और पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के समर्थक आमने-सामने आ गए। बताया जा रहा है कि स्ट्रांग रूम के बाहर व्यवस्था और पर्दे लगाए जाने को लेकर पहले से विवाद चल रहा था।

इसी दौरान दोनों नेताओं के आमने-सामने आने के बाद समर्थकों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते मामला धक्का-मुक्की तक पहुंच गया। इसी बीच विधायक तिलक राज बेहड़ को थप्पड़ मारे जाने का आरोप भी सामने आया। घटना के बाद मौके पर मौजूद पुलिस ने तत्काल दोनों पक्षों को अलग कर स्थिति को नियंत्रित किया।

दोनों पक्षों को अलग-अलग स्थानों पर ले गई पुलिस

पुलिस के मुताबिक, स्थिति को बिगड़ने से रोकने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूर्व विधायक राजेश शुक्ला और उनके समर्थकों को पंतनगर स्थित सिडकुल चौकी ले जाया गया। वहीं विधायक तिलक राज बेहड़ और उनके समर्थकों को किच्छा कोतवाली ले जाया गया।

अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई किसी अप्रिय घटना को रोकने और मौके पर शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से की गई।

धीरज कुमार गिरफ्तार, 30 लोग हिरासत में

मामले में पुलिस ने लालपुर की आस्था कॉलोनी निवासी 40 वर्षीय धीरज कुमार को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, धीरज कुमार पर वर्तमान विधायक के साथ धक्का-मुक्की करने का आरोप है। उसे धारा 170 के तहत गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश करने की कार्रवाई की जा रही है।

इसके अलावा पुलिस ने शांति व्यवस्था भंग करने वाले लोगों को चिह्नित करते हुए अब तक 30 व्यक्तियों को हिरासत में लिया है। पुलिस का कहना है कि हिरासत में लिए गए लोगों के खिलाफ नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

विधायक पक्ष ने एफआईआर की मांग की

घटना के बाद विधायक तिलक राज बेहड़ के पक्ष की ओर से मामले में प्राथमिकी दर्ज करने और दोषियों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की मांग की गई। विधायक पक्ष का कहना है कि यदि प्रशासन की मौजूदगी में हिंसात्मक घटना हुई है तो उसके संबंध में एफआईआर दर्ज होनी चाहिए।

इसके साथ ही चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने के प्रयास का आरोप लगाते हुए मतगणना के संबंध में न्यायालय से हस्तक्षेप की अपेक्षा भी जताई गई। हालांकि, इन दावों की अंतिम स्थिति जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगी।

एसएसपी ने कानून-व्यवस्था को लेकर कही सख्ती की बात

पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि निर्वाचन प्रक्रिया और स्ट्रांग रूम की सुरक्षा में किसी भी प्रकार का व्यवधान स्वीकार नहीं किया जाएगा। एसएसपी अजय गणपति ने कहा कि कानून एवं शांति व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ साक्ष्यों के आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

मतगणना परिसर की सुरक्षा बढ़ाई गई

हंगामे के बाद मतगणना परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। पुलिस पूरे घटनाक्रम में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। साथ ही हिरासत में लिए गए लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस का कहना है कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता है और किसी भी तरह की अशांति की स्थिति में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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