ईरान का काउंटर अटैक, इजरायल के कई शहरों में दागी मिसाइल
Summary
Spread the loveप्रयाग भारत, तेल अवीव : ईरान की एक मिसाइल बृहस्पतिवार तड़के दक्षिणी इजराइल के मुख्य अस्पताल पर गिरी जिससे कई लोग घायल हो गए और ‘‘व्यापक पैमाने पर क्षति’’ हुई। अस्पताल ने यह जानकारी दी। इजरायली मीडिया ने मिसाइल […]
More On prayagbharat
- Uttarkashi Earthquake: देर रात कांपी धरती, लोगों में मचा हड़कंप
- RBI फॉरेंसिक रिपोर्ट में बड़ा खुलासा, Urban Co-Operative Bank में करोड़ों का घोटाला
- Uttarakhand Congress PCC List : गणेश गोदियाल के दिल्ली दौरे से बढ़ी कार्यकारिणी गठन की उम्मीद
- NEET UG 2026 : 21 जून को दोबारा आयोजित होगा NEET UG 2026
- UCC लागू होने के बाद पहली FIR, हलाला मामले में पुलिस ने कसा शिकंजा
प्रयाग भारत, तेल अवीव : ईरान की एक मिसाइल बृहस्पतिवार तड़के दक्षिणी इजराइल के मुख्य अस्पताल पर गिरी जिससे कई लोग घायल हो गए और ‘‘व्यापक पैमाने पर क्षति’’ हुई। अस्पताल ने यह जानकारी दी। इजरायली मीडिया ने मिसाइल हमले के कारण क्षतिग्रस्त हुईं खिड़कियों और इलाके से उठते घने काले धुएं के फुटेज प्रसारित किए। ईरान ने तेल अवीव में एक ऊंची अपार्टमेंट इमारत और मध्य इजराइल में अन्य जगहों पर हमले किए।
इजरायल की ‘मैगन डेविड एडम’ बचाव सेवा के अनुसार, इन हमलों में कम से कम 40 लोग घायल हुए हैं। इस बीच इजरायल ने ईरान के अराक भारी जल रिएक्टर पर हमला किया। ईरान के विशाल परमाणु कार्यक्रम पर यह हमला संघर्ष के सातवें दिन किया गया। इजराइल ने सात दिन पहले ईरान के सैन्य स्थलों, वरिष्ठ अधिकारियों और परमाणु वैज्ञानिकों को निशाना बनाकर अचानक हमले किए जिससे यह संघर्ष शुरू हो गया।
ईरान ने इजरायल पर सैकड़ों मिसाइल और ड्रोन दागे लेकिन अधिकतर को इजरायल की बहु-स्तरीय वायु रक्षा प्रणाली ने मार गिराया। ईरानी मिसाइल ने ‘सोरोका मेडिकल सेंटर’ को निशाना बनाया जो इजरायल के दक्षिण में स्थित मुख्य अस्पताल है। अस्पताल की वेबसाइट के अनुसार, इस अस्पताल में 1,000 से अधिक बिस्तर हैं और यह इजरायल के दक्षिण के लगभग 10 लाख निवासियों को सेवाएं प्रदान करता है।
बयान में कहा गया है कि चिकित्सा केंद्र के कई हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए हैं और आपातकालीन कक्ष में मामूली रूप से घायल कई लोगों का इलाज किया जा रहा है। अस्पताल को नए रोगियों के लिए बंद कर दिया गया है और केवल उन मरीजों को भर्ती किया जा रहा है जो किसी जानलेवा समस्या से जूझ रहे हैं। यह तुरंत स्पष्ट नहीं हो पाया है कि हमले में कितने लोग घायल हुए हैं।
इजरायल के कई अस्पतालों ने पिछले सप्ताह आपातकालीन योजनाएं सक्रिय कर दी थीं और अस्पतालों की भूमिगत पार्किंग में मरीजों को स्थानांतरित कर दिया था। ईरान के सरकारी टेलीविजन चैनल ने बृहस्पतिवार को बताया कि इजरायल ने ईरान के अराक भारी जल रिएक्टर पर हमला किया है।
चैनल ने बताया कि हमले के बाद ‘‘किसी भी तरह के विकिरण का खतरा नहीं’’ है और हमले से पहले ही केंद्र को खाली करा लिया गया था तथा रिएक्टर के आस-पास स्थित असैन्य इलाकों में कोई नुकसान नहीं हुआ है। इजराइल ने बृहस्पतिवार की सुबह पहले ही चेतावनी दी थी कि वह रिएक्टर पर हमला करेगा और उसने लोगों से क्षेत्र छोड़कर जाने को कहा था।
हमले को लेकर विस्तृत जानकारी नहीं मिल पाई है लेकिन अग्निशमन कर्मियों ने कहा कि ऐसा लगता है कि चिकित्सकीय इमारत और कुछ अपार्टमेंट इमारतों को निशाना बनाया गया है। इस बात की तत्काल जानकारी नहीं मिल सकी कि इन हमलों में कोई हताहत हुआ है या नहीं। अराक रिएक्टर तेहरान से 250 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में है।
परमाणु रिएक्टर को ठंडा करने के लिए भारी जल रिएक्टर का इस्तेमाल किया जाता है लेकिन यह प्लूटोनियम भी बनाता है जिसका संभावित रूप से परमाणु हथियारों में उपयोग किया जा सकता है। ईरान पर इजराइल के हवाई हमले सातवें दिन भी जारी रहे।
इससे एक दिन पहले ईरान के सर्वोच्च नेता ने अमेरिका के आत्मसमर्पण के आह्वान को खारिज कर दिया था और चेतावनी दी थी कि अमेरिकियों की किसी भी सैन्य भागीदारी से उन्हें ‘‘अपूरणीय क्षति’’ होगी। वाशिंगटन स्थित एक ईरानी मानवाधिकार समूह ने बताया कि ईरान में 263 आम नागरिकों सहित कम से कम 639 लोग मारे गए हैं और 1,300 से अधिक लोग घायल हुए हैं।
जवाबी कार्रवाई में ईरान ने करीब 400 मिसाइल और सैकड़ों ड्रोन दागे हैं, जिससे इजरायल में कम से कम 24 लोग मारे गए हैं और सैकड़ों लोग घायल हुए हैं। इनमें से कुछ मिसाइल एवं ड्रोन मध्य इजराइल में अपार्टमेंट इमारतों पर गिरे जिससे भारी नुकसान हुआ है।
