ठगी का शिकार लौटे युवक, प्लेसमेंट एजेंसी पर केस दर्ज की तैयारी
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प्रयाग भारत, देहरादून : राजधानी में विदेश भेजकर नौकरी लगवाने का वादा करने वाली प्लेसमेंट एजेंसियों के धोखाधड़ी के मामले रुकने का नाम नहीं ले रहे हैं। रविवार को नेहरू कॉलोनी थाना क्षेत्र में एक नया मामला सामने आया।
दून से दो युवकों को सउदी अरब भेजा गया। वहां पहले उन्हें छह माह तक बिना काम के एक कमरे में रखा। इसके बाद तीन महीने काम कराया तो उसका वेतन ही नहीं दिया। वीजा खत्म होने पर पीड़ितों ने सउदी पुलिस के सामने आत्मसमर्पण किया तो उन्हें भारत भेजा गया।
थाना नेहरू कॉलोनी में शिकायत देकर नैनीताल जिले के रहने वाले राजेंद्र सिंह बताया कि देहरादून स्थित सीएचसीएफ कम्युनिटी प्लेसमेंट के माध्यम से परसी खान और आशीष रतूड़ी नाम के व्यक्तियों ने उन्हें और उत्तरकाशी के अनिल को सऊदी अरब में रेस्टोरेंट में काम दिलाने के नाम पर भेजा था।
दोनों को सऊदी अरब पहुंचने के बाद छह माह तक बिना काम के कमरे में रखा गया। बाद में रेस्टोरेंट खुला लेकिन तीन माह बाद ही बंद हो गया। आरोप है कि उन्हें पूरा वेतन भी नहीं दिया गया। जब उन्होंने परसी खान और आशीष रतूड़ी से संपर्क किया तो उन्हें अपने खर्चे पर टिकट लेकर भारत लौटने को कहा। शिकायतकर्ता के भाई ने टिकट की व्यवस्था की लेकिन सऊदी एयरपोर्ट से उन्हें भारत आने की अनुमति नहीं दी गई।
शिकायत में बताया कि आरोपियों में से एक ने शिकायतकर्ता के भाई को जान से मारने की धमकी दी। विदेश में फंसे होने के कारण दोनों युवकों के पास रहने-खाने तक के पैसे नहीं बचे। वीजा की अवधि समाप्त हो जाने के कारण वे भारत नहीं लौट पा रहे थे। अंततः उन्होंने खुद को सऊदी पुलिस के हवाले कर दिया, जहां उन्हें 10 दिन जेल में रखा गया।
बाद में उन्हें मुंबई भेजा गया। थाना प्रभारी संजीत कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।