नंदा गौरा योजना के तहत 4098 बेटियों को मिला लाभ, खातों में भेजी गई 19.23 करोड़ रुपये की सहायता राशि
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प्रयागभारत, उत्तराखंड: उत्तराखंड सरकार की नंदा गौरा योजना के तहत हरिद्वार और उत्तरकाशी जनपद की 4098 पात्र बालिकाओं को आर्थिक सहायता प्रदान की गई है। महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग की ओर से डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से लाभार्थी बालिकाओं के बैंक खातों में करीब 19.23 करोड़ रुपये की राशि हस्तांतरित की गई।
महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में राज्य की 33,251 पात्र बालिकाओं को पहले ही योजना का लाभ दिया जा चुका था। हालांकि हरिद्वार और उत्तरकाशी की कुछ बालिकाओं की आवश्यक औपचारिकताएं और जिला स्तरीय अनुमोदन प्रक्रिया समय पर पूरी नहीं हो पाई थी, जिसके कारण उन्हें उस चरण में लाभ नहीं मिल सका था।
सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद गुरुवार को इन 4098 बालिकाओं को योजना के तहत सहायता राशि जारी की गई। लाभार्थियों में जन्म के समय सहायता प्राप्त करने वाली 417 बालिकाएं तथा 12वीं कक्षा उत्तीर्ण कर स्नातक स्तर पर प्रवेश लेने वाली 3681 छात्राएं शामिल हैं।
मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि राज्य की कोई भी पात्र बेटी योजना के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने कहा कि नंदा गौरा योजना बेटियों की शिक्षा को प्रोत्साहित करने, उन्हें आत्मनिर्भर बनाने और उनके बेहतर भविष्य की नींव मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
गौरतलब है कि नंदा गौरा योजना के तहत वर्ष 2017-18 से लेकर 2025-26 तक राज्य की कुल 4,11,035 बालिकाओं को लाभान्वित किया जा चुका है। इस अवधि में करीब 1314 करोड़ रुपये की सहायता राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी गई है।
राज्य सरकार का मानना है कि इस प्रकार की योजनाएं न केवल बालिकाओं की शिक्षा को बढ़ावा देती हैं, बल्कि समाज में बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच को भी मजबूत करने का काम करती हैं।