बरेली बवाल खुलासा: तौकीर रजा के इशारे पर सड़कों पर उतरी थी भीड़
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प्रयाग भारत, बरेली: आईएमसी प्रमुख मौलाना तौकीर रजा की गिरफ्तारी के बाद बरेली पुलिस ने उपद्रवियों की कमर तोड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। 26 सितंबर को हुए बरेली बवाल की विवेचना में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। अब पुलिस ने 17 नए उपद्रवियों के नाम खोल दिए हैं, जबकि दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
फुटेज और कॉल डिटेल से खुला नया गिरोह
पुलिस ने सोशल मीडिया वीडियो, सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल और मोबाइल डंप डेटा का मिलान कर इन नए उपद्रवियों की पहचान की है। एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया कि तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर बवाल में शामिल हर व्यक्ति की पहचान की जा रही है। जो भी आरोपी बचा है, जल्द जेल में होगा।
ये हैं 17 नए नाम जो पुलिस ने खोले
थाना इज्जतनगर क्षेत्र से: रफीक बेग, मजीद बेग, रिजवान, नासिर खान, लईक अहमद, शफीले अहमद, जाफर, शकील, हसीन। थाना किला और कोतवाली क्षेत्र से: दाऊद, शानू उर्फ टैंपू, आरिफ, वलीद जिलानी, आरिफ (हजियापुर), नईम उर्फ लाली, फैजान और अफजाल कुरैशी।
इन सभी पर भीड़ जुटाने, हिंसा भड़काने और दंगा फैलाने का आरोप है। पुलिस इनके ठिकानों पर दबिश दे रही है।
नदीम का तमंचे वाला फोटो वायरल, तलाश तेज
बवाल में शामिल आरोपी नदीम का असलाह के साथ फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। किसी में वह बंदूक तो किसी में तमंचा लहराते नजर आ रहा है। उस पर ₹15,000 का इनाम घोषित किया गया है और उसकी तलाश तेज कर दी गई है। कोतवाल अमित पांडेय ने बताया कि नदीम के खिलाफ एक और एफआईआर दर्ज की जा सकती है।
साजिश में आईएमसी नेताओं की कॉल डिटेल से मिली पुष्टि
पुलिस जांच में सामने आया है कि बवाल के दिन कई आईएमसी नेता और आरोपी एक-दूसरे से लगातार संपर्क में थे। कॉल रिकॉर्ड और लोकेशन ट्रैकिंग से यह साबित हुआ कि ये सभी उसी इलाके में सक्रिय थे, जहां हिंसा भड़की।
नए खरीदे गए सॉफ्टवेयर और सर्विलांस सिस्टम पुलिस की बड़ी ताकत साबित हो रहे हैं।
एसएसपी अनुराग आर्य का सख्त संदेश
कानून तोड़ने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। चाहे कोई कितना बड़ा चेहरा हो, अगर उसने शहर में शांति भंग की है, तो जेल उसका इंतजार कर रही है। अनुराग आर्य, एसएसपी बरेली